शि.वा.ब्यूरो, मुजफ्फरनगर। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डाॅ. सुनील तेवतिया ने बताया कि भारतीय मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार इस वर्ष सामान्य से अधिक तापमान रहने की संभावना है। संभावित हीट वेव की स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग को पूर्णतः अलर्ट मोड पर रखते हुए समस्त प्रभारी चिकित्सा अधीक्षकों एवं संबंधित अधिकारियों को सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि जनपद के समस्त सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर हीट वेव से प्रभावित मरीजों के उपचार हेतु विशेष रूप से बेड आरक्षित किए गए हैं। उन्हांेने बताया कि सभी चिकित्सा इकाइयों पर आवश्यक औषधियों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की गई है, जिनमें ओआरएस, आईस पैक-कोल्ड पैक एवं अन्य आवश्यक दवाएं शामिल हैं।
उन्होंने समस्त प्रभारी चिकित्सा अधीक्षकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों को निर्देशित किया है कि हीट वेव प्रबंधन के लिए पूरी सतर्कता एवं तत्परता के साथ कार्य करें, अस्पतालों में शीतल पेयजल, छायादार प्रतीक्षालय, प्राथमिक उपचार की समुचित व्यवस्था तथा आपातकालीन सेवाएं सुचारु रूप से संचालित रखें।
इसके अतिरिक्त, मुख्य चिकित्सा अधिकारी महोदय ने जनपद की औद्योगिक इकाइयों के प्रबंधन से अपील करते हुए कहा है कि वे अपने यहां कार्यरत दैनिक वेतनभोगी श्रमिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा को प्राथमिकता दें। श्रमिकों को कार्य के दौरान नियमित अंतराल पर कम से कम 5 मिनट का विश्राम दिया जाए तथा उनके लिए छायादार स्थान, स्वच्छ पेयजल एवं आराम की उचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। साथ ही कार्यस्थलों पर गर्मी से बचाव हेतु खिड़कियों पर पर्दे, उचित वेंटिलेशन एवं अन्य आवश्यक उपाय किए जाएं।
जारी गाइडलाइन में बताया गया है कि दिन में अधिक से अधिक पानी पीएं, प्यास न लगे तब भी तरल पदार्थ लेते रहें और घर से बाहर निकलते समय सिर को टोपी, गमछा व दुपट्टा आदि से ढककर निकलें। धूप में निकलते समय धूप का चश्मा एवं हल्के, ढीले व सूती कपड़े पहनें। छाता या स्कार्फ का उपयोग करें तथा सीधे धूप के संपर्क से बचें। हल्का एवं सुपाच्य भोजन करें तथा दही, छाछ, फल आदि का सेवन बढ़ाएं। इसके साथ ही विशेषकर दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच अधिक समय तक धूप में रहने से बचें। गाइडलाइन में कहा गया है कि खाली पेट धूप में बाहर न निकलें, लेकिन अत्यधिक गर्मी में भारी, तला-भुना एवं मसालेदार भोजन से बचें। शराब, चाय-काॅफी एवं अत्यधिक मीठे पेय पदार्थों का अधिक सेवन न करें तथा लंबे समय तक बंद एवं बिना हवादार स्थानों में न रहें। इसके साथ ही बच्चों एवं बुजुर्गों को धूप में अनावश्यक बाहर न जाने दें।
गाइड लाइन में बताया गया है कि तेज बुखार या शरीर का अत्यधिक गर्म होना, सिर दर्द, चक्कर आना, कमजोरी महसूस होना, उल्टी, घबराहट या बेहोशी, शरीर में पानी की कमी ;डिहाइड्रेशनद्ध, मुंह सूखना, त्वचा का लाल एवं सूखा होना हीट वेव के प्रमुख लक्षण हैं। इन लक्षणों को देखते ही तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें एवं प्राथमिक उपचार प्राप्त करें।
