गौरव सिंघल, सहारनपुर। मण्डलायुक्त डा0 रुपेश कुमार की अध्यक्षता में कार्यालय सभागार में चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग एवं राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के मंडल स्तरीय मासिक भौतिक एवं वित्तीय समीक्षा बैठक संपन्न हुई। यूपीहेल्थ डैशबोर्ड में सहारनपुर मंडल को रैंक प्रथम प्राप्त होने पर मण्डलायुक्त रूपेश कुमार द्वारा सभी को बधाई दी गई। मण्डलायुक्त सहारनपुर रूपेश कुमार द्वारा आयुष्मान आरोग्य मंदिर की रिर्पोटिग, ई0संजीवनी, टेली कसंल्टेशन, आशा बजट इंसेटिंव भुगतान, एनसीडी परीक्षण, छाया एकीकृत वीएचएसएनडी सत्रों के आयोजन की गहनता पूर्वक समीक्षा की गई। तदुपरांत वित्तीय समीक्षा में प्राप्त बजट एवं उनके खर्चों के प्रतिशत एवं उपलब्धि पर भी विस्तारपूर्वक चर्चा की गई एवं आवश्यक निर्देश दिए गए।
राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के अन्तर्गत कुल चिन्हित बच्चों एवं उपचारित बच्चों की संख्या की समीक्षा की गई। उन्होंने नवीन ईडीएल के अंतर्गत शत-प्रतिशत दवाईयों की उपलब्धता समस्त इकाईयों पर होने के निर्देश दिए ताकि आम जनमानस को दवाईयों से वंचित ना होना पड़े। आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत सहारनपुर में 74 प्रतिशत, मुजफ्फरनगर में 56 प्रतिशत एवं शामली जनपद में 79 प्रतिशत की उपलब्धि को और बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने निर्देश दिए कि सुनिश्चित किया जाए कि पात्र लाभार्थियों को कोई असुविधा ना हो। सभी सी0एच0सी0 की क्रियाशीलता एवं एफ0आर0यू0 की क्रियाशीलता तथा समस्त आवश्यक स्वास्थ्य सेवाओं को उक्त इकाईयों पर प्रभावी रुप से उपलब्ध कराने के लिए कहा। राष्ट्रीय अंधता निवारण कार्यक्रम के अंतर्गत शामली एवं मुजफ्फरनगर जनपद को मोतियाबिंद ऑपरेशन की संख्या को बढ़ाने के निर्देश दिए।
राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन में सभी जनपदों में इलाजोपरांत क्षय बीमारी से मुक्त मरीजों को पेंसेंट सर्पोट ग्रुप बनाकर उनके दवा के सही इस्तेमाल से रोगमुक्त होने के अपने अनुभवों को साझा कर जन समुदाय में उनकी सहभागिता प्राप्त करने के निर्देश दिए ताकि उनके अनुभव इस बीमारी की रोकथाम में मददगार साबित हो सके। साथ ही उन्हें निःक्षय पोषण योजना अंतर्गत मिलने वाली राशि ससमय प्रदान की जाए इसके भी निर्देश दिए। ग्राम स्तर पर इस बीमारी की रोकथाम के समन्वित प्रयास एवं जनजागरुकता हेतु समस्त मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को निर्देश दिए गए। मंडलायुक्त डॉ0 रूपेश कुमार द्वारा समस्त इकाईयों को राष्ट्रीय क्वालिटी पैरामीटर के अनुरुप ज्यादा से ज्यादा उपलब्धि हासिल करने के निर्देश दिए गए। वर्तमान में 408 के सापेक्ष 169 इकाईयॉ सर्टिफाइड हो चुकी हैं एवं 35 के परिणाम लंबित है। बाल स्वास्थ्य में एस0एन0 सी0यू0 एवं पोषण पुनर्वास केन्द्रों में भर्ती एवं इलाजोपरांत बच्चों पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता पर मण्डलायुक्त रूपेश कुमार द्वारा बल दिया गया।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी बच्चें के सफल इलाज के बाद पुनः भर्ती की नौबत ना आए। उनका पूर्णरुपेण फालोअप एवं अनुश्रवण किया जाना चाहिए ताकि वो बच्चा पुनः कुपोषण के चक्र में शामिल ना होने पाए। मातृ स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत दी जा रही स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धियों पर गहनतापूर्वक समीक्षा की एवं संस्थागत प्रसव बढाए जाने के निर्देश दिए। हाई रिस्क प्रेगनेंसी के लिए अलग से प्रसव की योजना बनायी जाए एवं उनके संस्थागत प्रसव को सुनिश्चित किया जाए। बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम में टीकाकरण की उपलब्धि पर मण्डलायुक्त द्वारा संतोष व्यक्त किया गया। परिवार कल्याण कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान मण्डलायुक्त ने सभी जनपदों को नवीन गर्भनिरोधक सामग्री के इस्तेमाल एवं जनमानस में इसके प्रचार-प्रसार को बढावा देने के निर्देश दिए। नव विवाहित दंपती को परिवार कल्याण कार्यक्रम के अंतगर्त सभी गर्भनिरोधक सामग्रियों की उपलब्धता एवं सेवाएं आवश्यक रुप से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। अग्रिम पंक्ति की कार्यकत्रियों को भी क्षेत्रों में इन साधनों के बारे में प्रशिक्षित कर ज्यादा से ज्यादा जानकारी प्रदान करने के निर्देश दिए गए ताकि पुरुषों की भी परिवार नियोजन में सहभागिता बढायी जा सके।
मण्डलायुक्त रूपेश कुमार द्वारा सभी प्रतिभागियों को निर्देश दिए कि सभी चिकित्सा इकाईयों पर साफ सफाई, दवाइयों की उपलब्धता, ओपीडी में डॉक्टर की उपस्थिति, प्रसव कक्ष, इमरजेंसी, दवा वितरण कक्ष, पीएनसी वार्ड में सभी आवश्यक इंतेजाम एवं ऐंबुलेंस की उपलब्धता को सुनिश्चित करते हुए पेशेंट सेंट्रिक एपरोच पर कार्य करें। बैठक में चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग से मंडल के अपर निदेशक, संयुक्त निदेशक, सीएमओ, सीएमएस, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के मंडलीय कार्यक्रम प्रंबधक, मंडलीय कार्यक्रम प्रंबधन इकाई के प्रबंधक/सलाहकार एवं जनपदीय कार्यक्रम प्रबंधक उपस्थित रहे। बैठक का संचालन रंजीत कुमार मंडलीय कार्यक्रम प्रंबधक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन द्वारा किया गया।
