युवा मंच के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य इंजीनियर आरबी पटेल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर व अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट डालकर सीएम योगी से छात्रों व नागरिकों को एलपीजी सिलेंडर फिलिंग संकट के मद्देनजर तत्काल प्रभावी कदम उठाने के लिए हस्तक्षेप की अपील की है। उन्होंने कहा है कि प्रयागराज में लाखों छात्र रहते हैं और आम तौर पर छात्रों के पास छोटा सिलेंडर है, जिसकी फिलिंग दर दुगनी हो गई है। इसके साथ ही एलपीजी सिलेंडर फिलिंग में आम लोगों को भी भारी परेशानी हो रही है। उन्होंने कहा है कि यदि युद्ध आगे बढ़ा तो एलपीजी सिलेंडर फिलिंग व पेट्रोल डीजल समस्या विकराल होने से इंकार नहीं किया जा सकता है। उन्होंने अपील की है कि सरकार को समय की नजाकत को देखते हुए प्रभावी कदम उठाने चाहिए।
गैर की किल्लत को देखते हुए एक तहफ जहां जमाखोर सक्रिय हो गये हैं, तो दूसरी और प्रशासन भी अलर्ट मोड पर है और जमाखोरों को ढ़ूंढ़ कर उनकी खबर ले रहा है। इसी के चलते मुजफ्फरनगर के कुंदनपुरा इलाके में आपूर्ति विभाग की टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने यहाँ से 12 एलपीजी सिलेंडर जब्त किए हैं। इसी तरह हापुड़ मंे भी बडी कार्यवाही की गयी है।
बता दें कि प्रदेश के रसद व आपूर्ति विभाग के पास पेट्रोल, डीजल व एलपीजी से संबंधित ऑनलाइन या ऑफलाइन प्रत्यक्ष रूप से एक्सेस नहीं है और विभागीय अफसर कंपनी के प्रतिनिधि से पूछ-पूछकर सूचना के प्रारूप तैयार कर रहे हैं। इसके बावजूद गैस की किल्लत के लिए जनता भी आपूर्ति विभाग के अफसरों को ही फोन किए जा रही है और कोई भी अधिकार नहीं होने के कारण एजेंसी संचालक आपूर्ति विभाग के अफसरांे को लोड नहीं आया, ओटीपी नहीं मैच हुआ, केवाईसी नहीं हुआ है आदि आदि के चकमें दे रहे हैं, लेकिन एजेंसी पर मारपीट की नौबत आने पर भी सप्लाई विभाग के अफसरों को ही बुलाया जा रहा है, ऐसे में आपूर्ति विभाग के अफसरों को समझ नहीं आ रहा है कि बिना अधिकार के अनंत उत्तरदायित्व कैसे निभाये जायें।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच देश में पेट्रोल-डीजल और एलपीजी की सप्लाई को लेकर राहत भरी जानकारी दी है। मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहा कि देश में कच्चे तेल और ईंधन की उपलब्धता फिलहाल पूरी तरह सामान्य है और किसी भी पेट्रोल पंप पर ईंधन खत्म होने की स्थिति नहीं है। उन्होंने बताया कि भारत में रोजाना करीब 55 लाख बैरल कच्चे तेल की खपत होती है और देशभर में लगभग एक लाख पेट्रोल पंप संचालित हैं। साथ ही एलपीजी उत्पादन भी बढ़ाया गया है और देश में रोजाना करीब 50 लाख गैस सिलिंडर की डिलीवरी की जा रही है। मंत्रालय ने लोगों से अपील की है कि घबराहट में अतिरिक्त गैस बुकिंग न करें, क्योंकि फिलहाल पेट्रोल-डीजल और एलपीजी की सप्लाई पूरी तरह नियंत्रण में है।
