शि.वा.ब्यूरो, लखनऊ। स्वस्थ जीवन, स्वच्छ प्रकृति, भारतीय ज्ञान परंपरा की संवाहक लोक जीवन फाउण्डेशन के तत्वाधान में दो दिवसीय आयुर्वेदिक एवं पारंपरिक चिकित्सा कार्यशाला 7-8 फरवरी को हिन्दी मीडिया में आयोजित किया जायेगा।
लोक जीवन फाउण्डेशन के अध्यक्ष डाॅ.राजेश वर्मा ने बताया कि वैद्यों द्वारा नाड़ी परीक्षण भारतीय चिकित्सा जड़ी-बूटियां, आर्गेनिक भोजन, स्वस्थ जीवन शैली एवं प्रकृति संरक्षण के माध्यम से आरोग्य की ओर एक कदम है। उन्होंने बताया कि आरोग्य प्राप्ति के लिए प्रकृति का सरंक्षण, आर्गेनिक एवं पौष्टिक सात्विक भोजन, स्वस्थ जीवन शैली तथा योग एवं भारतीय पारम्परिक चिकित्सा पद्धतियों का प्रचार-प्रसार एवं आर्गेनिक एवं हर्बल खेती को बढ़ावा देने के लिए लोक जीवन फाउण्डेशन प्रयासरत है। उन्होंने उक्त कार्यशाला में प्रतिभाग करने का आहवान करते हुए बताया कि सूचना आयोग के राज्य सूचना आयुक्त राजेन्द्र सिंह उक्त कार्यशाला में बतौर मुख्य अतिथि भाग लेंगे। उन्होंने कहा कि जिंदगी जिए, मुस्कुराए, खिल खिलाएं और हर क्षण का आनंद लें, क्योंकि जिंदगी में हर पल अमूल्य है बस सोच बदलने की जरूरत है। डॉ. राजेश वर्मा का मानना है कि सरल और सहज जीवन, आत्मीय रिश्ते, आस्था, विश्वास और इन सबसे ऊपर आत्म संतोष हो तो फिर ना गुब्बार होगा, ना आक्रोश होगा, ना क्रोध होगा, बस होगा एक निर्मल स्वाभाविक और शारीरिक मानसिक रूप से स्वस्थ आनंद पूर्ण जीवन।
