गौरव सिंघल, सहारनपुर। जिलाधिकारी अखिलेश सिंह की अध्यक्षता में कलैक्ट्रेट सभागार में जिला गंगा सुरक्षा समिति एवं पर्यावरण समिति की बैठक आयोजित की गयी। बैठक में डीएम अखिलेश सिंह ने निर्देश दिए कि यमुना एवं हिण्डन नदी के 500 मीटर के बाढ क्षेत्र में जनित ठोस व प्लास्टिक अपशिष्ट का निस्तारण सुनिश्चित किया जाएं। उन्होंने बीएसए और डीआईओएस को निर्देशित किया कि सभी विद्यालयों में प्रतिदिन पर्यावरण संरक्षण के लिए विद्याार्थियों को जागरूक किया जाए साथ ही उन्हें साफ-सफाई की महत्ता बताते हुए कोविड से बचाव के लिए उपाय भी बताये जाएं।
जिलाधिकारी अखिलेश सिंह ने निर्देश दिए कि ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में पर्यावरण संरक्षण के लिए जागरूकता अभियान चलाकर सिंगल यूज प्लास्टिक का प्रयोग न करने के लिए प्रेरित करें। यदि कहीं इस्तेमाल होना पाया जाता है तो उसके भण्डारणकर्ता एवं विक्रेताओं पर कडी कार्यवाही की जाए। पर्यावरण समिति की समीक्षा बैठक में बताया गया कि सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग करने के लिए डिफाल्टरों के विरूद्ध हुई कार्यवाही में 6956 किग्रा0 पालिथीन जब्त की गई और जुर्माने के रूप में 16 लाख 13 हजार की धनराशि एकत्र की गई। जनपद में प्रदूषणकारी वाहनों के 520 चालान काटे गए जिनसे 2 लाख 60 हजार रूपये की वसूली की गई।
उन्होंने निर्देश दिए कि जनपद में बैटरी वाहनों को प्रोत्साहित करने के साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि कहीं पर जाम के हालात न बनें। ई-रिक्शा के रूट का निर्धारण करते हुए यह भी सुनिश्चित किया जाएं कि ई-रिक्शा केवल निर्धारित संख्या में यात्रियों के लिए ही इस्तेमाल हो। ई-रिक्शा में किसी प्रकार का सामान ढोने का कार्य न किया जाए। वृक्षारोपण जन आन्दोलन में किये गये रोपणों का जियो टैगिंग कर संबंधित सभी विभाग रिपोर्ट प्रस्तुत करें। इसी प्रकार स्थानीय नगर निकाय डोर टू डोर कलेक्शन के साथ-साथ गीले एवं सूखे कचरे का पृथक्करण भी करने के निर्देश दिये गये।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी विजय कुमार, डीएफओ गौतम राय एवं डीएफओ शिवालिक श्रीमती श्वेता सैन, अपर नगर आयुक्त सतेन्द्र कुमार तिवारी, क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड डी0सी0पाण्डेय जिला पंचायत राज अधिकारी आलोक कुमार शर्मा तथा संबंधित विभाग के अधिकारीगण उपस्थित रहे।


